Difference between Posts and Pages in Hindi

WordPress Posts vs Pages | वर्डप्रेस पोस्ट और पेज में क्या अंतर होता है?

Difference between Posts and Pages in Hindi

क्या आप पोस्ट और पेज के बीच अंतर के बारे में जानना चाहते हैं? आज के पोस्ट में हम जानेंगे कि WordPress Posts and Pages क्या होते है? और वर्डप्रेस पेज और पोस्ट में क्या अंतर होता है. जब भी कोई नया ब्लॉगर वर्डप्रेस यूज करता है तो उसके मन में वर्डप्रेस पेज और पोस्ट के बारे में थोडा भ्रम होता है. 

डिफ़ॉल्ट रूप से, वर्डप्रेस दो अलग-अलग सामग्री प्रकार, पोस्ट और पेज के साथ आता है। हालांकि वे वर्डप्रेस डैशबोर्ड में समान दिखते हैं, वे आपकी वेबसाइट के लिए विभिन्न उद्देश्यों की पूर्ति करते हैं। 

इस लेख में, हम वर्डप्रेस में पोस्ट बनाम पेज के बीच के अंतर (WordPress Posts vs Pages in Hindi) को समझाएंगे।

वर्डप्रेस में पोस्ट क्या हैं | WordPress Posts in Hindi 

आपके ब्लॉग पर सूचीबद्ध ब्लॉग सामग्री, Articles और अन्य सामग्री बनाने के लिए पोस्ट का उपयोग किया जाता है। पोस्ट को उल्टे क्रम में दिखाया जाता है, ताकि नया कंटेंट सूची के शीर्ष पर दिखाई दे।

यदि आप एक ब्लॉग के रूप में वर्डप्रेस का उपयोग कर रहे हैं, तो आप अपनी Website content के लिए पोस्ट का उपयोग कर सकते हैं।

आप अपने डैशबोर्ड में ‘Posts’ menu विकल्प पर क्लिक करके अपनी वर्डप्रेस पोस्ट Add और edit कर सकते हैं। यहाँ आप देख सकते है कि वर्डप्रेस पोस्ट एडिटर कैसा दिखता है।

Blog post editor

पोस्ट्स में नया पोस्ट सबसे ऊपर होता है और पुराना पोस्ट नीचे. आगर यूजर को पुराना पोस्ट पढ़ना होगा तो उसे उन्हें खोजने के लिए और गहराई से जाना होगा. आप पोस्ट्स को Categories and Tags के आधार पर व्यवस्थित कर सकते है ।

यदि आपके पास बहुत सारा कंटेंट है, तो आप एक Search form जोड़ सकते हैं ताकि आपके विज़िटर को वह सामग्री आसानी से मिल सके जिसकी वे तलाश कर रहे हैं।

ब्लॉग पोस्ट में कमेंट करने की सुविधा होती है जो यूजर को किसी पोस्ट पर टिप्पणी करने की अनुमति देती है। एडमिन  चाहे तो पुराने पोस्ट पर  कमेंट का विकल्प बंद भी कर सकता है. Settings » Discussion में जाकर कमेंट को Turn off  किया जा सकता है. 

वर्डप्रेस पोस्ट post metadata भी प्रदर्शित करते हैं। पोस्ट मेटा डाटा में आमतौर पर दिनांक, लेखक का नाम, केटेगरी, टैग और बहुत कुछ होता है। आप अपनी पोस्ट मेटा जानकारी को पूरी तरह से बदल सकते हैं। 

वर्डप्रेस में Pages क्या हैं | WordPress Pages in Hindi

वर्डप्रेस में Pages static होते है मतलब उसमे डी गयी जानकारी बदलती नहीं है. पेजेज में हम About us page, privacy policy, contact page, अदि के बारे में लिखते है.

उदाहरण के लिए, About us page की समय सीमा समाप्त नहीं होनी चाहिए। ज़रूर, आप वापस जा सकते हैं और इसे अपडेट कर सकते हैं, लेकिन ऐसा कम होता है क्योंकि About us या कंपनी की बारे में जानकारी तेजी से नहीं बदलती है.

आप ‘Pages’ menu विकल्प पर क्लिक करके अपने वर्डप्रेस एडमिन पैनल में पेज add और एडिट कर सकते हैं। Page editor स्क्रीन कुछ ऐसा दीखता है. 

 

Page Social होने के लिए नहीं होते हैं, इसलिए उनमें आमतौर पर social sharing buttons नहीं होते हैं। उदाहरण के लिए, आप शायद नहीं चाहते कि visitors ट्विटर पर आपके Privacy policy page को शेयर करें।

पृष्ठों में Comments भी शामिल नहीं होते हैं। आप नहीं चाहेंगे कि यूजर आपके Contact page या आपके Terms of service के पेज पर कमेंट करें। Comments को इनेबल करने का एक विकल्प है। हालाँकि, यह आपके WordPress pages के लिए डिफ़ॉल्ट रूप से Disable होता है।

वर्डप्रेस में पोस्ट और पेज में क्या अंतर हैं-WordPress Posts vs Pages in Hindi

  • वर्डप्रेस में पोस्ट और पेज में मुख्य अन्तर ये है कि पोस्ट में लिखे गए कंटेंट को बार बार अपडेट किया जाता है जबकि पेज में लिखे गए कंटेंट अपडेट नहीं किया जाता है. 
  • पोस्ट्स की संख्या हमेशा पेजेज से ज्यादा होती है.
  • पोस्ट्स की लिस्ट में सबसे नया पोस्ट ऊपर होता है. जबकि पेज में लिखे गए कंटेंट को समय से कोई फर्क नहीं पड़ता है.
  • पोस्ट में लेखक नाम, डेट आदि मेटा डाटा होते है जबकि पेजेज में मेटा डाटा नहीं होते है.

वर्डप्रेस में पोस्ट और पेज में बहुत समानताएं हैं, और कभी-कभी नए लोगों के लिए उन्हें अलग बताना मुश्किल हो सकता है। उदाहरण के लिए, दोनों का यूज Content publish करने के लिए किया जाता है। साथ ही, आप दोनों में text, images, forms और बहुत कुछ जोड़ सकते हैं। 

इन समानताओं के बावजूद, कुछ महत्वपूर्ण अंतर है जो पोस्ट और पेज को अलग करते हैं। 

1. पोस्ट बनाम पेज — Timeliness

वर्डप्रेस में पोस्ट और पेज के बीच मुख्य अंतर यह है कि पोस्ट समय समय पर अपडेट किये जाते है. जबकि पेज में ऐसा कुछ नहीं होता है. दूसरे शब्दों में कहे तो, पेजों का उपयोग ऐसी Content के लिए किया जाता है जो कभी बदलती नहीं है जैसे कंपनी के बारे में, ब्लॉग के बारे में, Privacy Policy page लेकिन, निश्चित रूप से जरुरत  पड़ने पर आप इस जानकारी को बदल सकते हैं।

दूसरी ओर, पोस्ट की publication date होती है। publication date सर्च इंजन और यूजर को पोस्ट में दी गयी जानकारी की Relevance (प्रासंगिकता) निर्धारित करने में मदद करती है।

2. पोस्ट बनाम पेज — Social Share

यदि आप अपने दर्शकों के साथ जुड़ाव बढ़ाना चाहते हैं, तो पोस्ट बस उसी के लिए बनाई गई थीं। एक कारण यह है कि पोस्ट डिफ़ॉल्ट रूप से एक Comments Section के साथ आते हैं, हालांकि आप चाहें तो इसे Disable कर सकते हैं। दूसरा कारण यह है कि अधिकांश थीम बिल्ट-इन सोशल शेयरिंग बटन के साथ आते हैं जो आपके पाठकों के लिए अपने पसंदीदा सामग्री को अपने दोस्तों के साथ साझा करना आसान बनाते हैं।

3.पोस्ट बनाम पेज — RSS Feed

वर्डप्रेस में पोस्ट और पेज के बीच एक और स्पष्ट अंतर RSS फ़ीड सिंडिकेशन है। आप RSS फ़ीड में पोस्ट जोड़ सकते हैं , लेकिन आप पेज के लिए ऐसा नहीं कर सकते.

4. पोस्ट बनाम पेज — Organization

जिस तरह से किसी वेबसाइट की सामग्री को व्यवस्थित किया जाता है, वह यूजर के कंटेंट तक पहुँचने और यूज करने के तरीके में बहुत बड़ी भूमिका निभाती है। ये एक और एरिया है जिसमें पोस्ट और पेज भिन्न होते हैं। 

 Taxonomiesका उपयोग करके पोस्ट को Organized किया जाता है । इसका मतलब है कि आप कंटेंट को एक साथ अच्छे से व्यवस्थित करने के  लिए categories and tags का उपयोग कर सकते हैं ताकि आपके पाठकों के लिए इसे खोजना आसान हो सके।

दूसरी ओर, पेज श्रेणीबद्ध (Hierarchical) हैं। आप उन्हें प्रत्येक पेज के महत्व के स्तर के अनुसार व्यवस्थित कर सकते हैं। आप पेजों को चाइल्ड और पैरेंट पेजों के रूप में व्यवस्थित करके ऐसा कर सकते हैं।

5.पोस्ट बनाम पेज — Author and Date Attribution

आप अधिकांश पोस्टों पर देखेंगे कि उनमें लेखक का नाम है और उनमें एक डेट  है जिस पर उन्हें प्रकाशित किया गया था। लेकिन ये आपको पेजों पर नहीं मिलेंगे।

Difference between WordPress Posts and Pages in Hindi

Posts Pages
1 पोस्ट में कंटेंट dynamic होता है. पेजेज में कंटेंट static होता है. मतलब कंटेंट बदलता नहीं है.
2 Content layout में custom format का विकल्प मिलता है. इसमे custom format नही होता है है.
3 RSS Feed को सपोर्ट करता है. पेजेज RSS Feed को सपोर्ट नहीं करता है.
4 Posts में लेखक और समय के बारे में जानकारी होती है. Pages में लेखक और समय नहीं होता है.
5 Posts में आप कमेंट कर सकते है. Pages में कमेंट नहीं कर सकते है.
6 Posts को केटेगरी और टैग में वर्गीकृत करते है. इसमे ऐसा नहीं होता है.
7 वर्डप्रेस पोस्ट पोस्ट मेटाडेटा भी प्रदर्शित करते हैं। इसमे ऐसा कुछ नहीं होता है.

WordPress Posts vs Pages in Hindi

हमें उम्मीद है कि इस लेख ने आपको वर्डप्रेस में पेज और पोस्ट के बीच अंतर और उनका उपयोग कैसे करना है, यह जानने में अच्छे से मदद की है। ये  Wordpress tutorial in hindi आपको जरुर पसंद आई होगी.

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